
Rajasthan Politics News: जयपुर में आयोजित छात्र संविधान संवाद कार्यक्रम में कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने केंद्र और राजस्थान सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रदेश में शिक्षा, चिकित्सा और कानून व्यवस्था पूरी तरह से फेल हो चुकी है और सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है।
सचिन पायलट ने सोनम वांगचुक को अनशन से हटाकर अस्पताल ले जाने की कार्रवाई को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार को आंदोलन को दबाने के बजाय बातचीत करनी चाहिए थी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए थी।
प्रसूताओं की मौत पर उठाए सवाल
पायलट ने कहा कि राजस्थान में लगातार प्रसूताओं की मौत हो रही है, लेकिन अब तक किसी भी अधिकारी की जवाबदेही तय नहीं की गई है। उन्होंने कहा कि विपक्ष विधानसभा में इन सभी मुद्दों को मजबूती से उठाएगा।
पेपर लीक और छात्रसंघ चुनाव पर बोले टीकाराम जूली
कार्यक्रम में नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने भी सरकार को घेरते हुए कहा कि कांग्रेस सरकार के समय पेपर लीक मामलों में खुद एफआईआर दर्ज करवाई गई थी।
उन्होंने आरोप लगाया कि अब भी प्रदेश में पेपर लीक की घटनाएं सामने आ रही हैं। जूली ने कहा कि कांग्रेस पेपर माफिया के खिलाफ और सख्त कानून बनाएगी।
इसके साथ ही उन्होंने छात्रसंघ चुनाव बहाल करने की मांग दोहराते हुए कहा कि छात्रसंघ लोकतंत्र और नए नेतृत्व की सबसे बड़ी पाठशाला है।
सोनम वांगचुक मामले पर राजनीति तेज
सोनम वांगचुक को अस्पताल में भर्ती कराए जाने के बाद यह मामला अब राजनीतिक रंग ले चुका है। कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों ने सरकार पर पारदर्शिता नहीं बरतने का आरोप लगाया है।
विपक्ष का कहना है कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी बात रखने वाले लोगों के साथ सम्मानजनक व्यवहार होना चाहिए।
वहीं, बीजेपी ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि सरकार ने केवल वांगचुक के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया है।
राजनीतिक दलों के बीच बढ़ते आरोप-प्रत्यारोप के बीच यह मुद्दा अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।
