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बस 48 घंटे और! फिर बदलेगा राजस्थान का मौसम, लू के बाद आंधी-बारिश की एंट्री

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बस 48 घंटे और! फिर बदलेगा राजस्थान का मौसम, लू के बाद आंधी-बारिश की एंट्री
राजस्थान में अगले दो दिन लू का असर रहेगा, लेकिन 11 जून से आंधी-बारिश के साथ मौसम बदलने की संभावना है।

बस दो दिन और… फिर मिलेगी गर्मी से राहत!

राजस्थान इस समय भीषण गर्मी की चपेट में है। कई जिलों में तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच चुका है और लोगों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। हालांकि मौसम विभाग ने अब राहत की उम्मीद जताई है। यदि सब कुछ अनुमान के मुताबिक रहा, तो 11 जून से प्रदेश के मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है।


🔥 पश्चिमी राजस्थान में अभी और बढ़ेगी गर्मी

मौसम विभाग के अनुसार जोधपुर और बीकानेर संभाग के अधिकांश क्षेत्रों में अगले दो से तीन दिन मौसम शुष्क बना रहेगा। इस दौरान तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी हो सकती है।

सीमावर्ती इलाकों में पारा 44 से 46 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है। तेज धूलभरी हवाएं और लू लोगों की मुश्किलें और बढ़ा सकती हैं।


🌡️ श्रीगंगानगर सबसे गर्म

पिछले 24 घंटों में श्रीगंगानगर प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 45.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। जैसलमेर, फलौदी, हनुमानगढ़ और बीकानेर के कई इलाकों में भी गर्मी का असर लगातार बना हुआ है।


🌧️ पूर्वी राजस्थान में राहत के संकेत

जहां पश्चिमी राजस्थान तप रहा है, वहीं पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में मौसम थोड़ा नरम रह सकता है। कोटा और भरतपुर संभाग के कुछ क्षेत्रों में मेघगर्जन के साथ हल्की बारिश की संभावना बनी हुई है।

इससे स्थानीय लोगों को उमस और गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है।


⛈️ 11 जून से बदलेगा मौसम का मिजाज

मौसम विभाग के अनुसार 11 जून से हिमालयी क्षेत्र में नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहा है। इसके प्रभाव से राजस्थान के कई हिस्सों में आंधी और बारिश की गतिविधियां फिर बढ़ सकती हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि इस सिस्टम के सक्रिय होने से तापमान में गिरावट आएगी और लोगों को लंबे समय से परेशान कर रही भीषण गर्मी से राहत मिल सकती है।


🌾 किसानों और व्यापारियों के लिए जरूरी चेतावनी

मौसम विभाग ने किसानों और मंडी व्यापारियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। यदि खेतों में फसल तैयार है या मंडियों में अनाज खुले में रखा हुआ है, तो उसे सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है।

बारिश और तेज हवाओं की संभावना को देखते हुए समय रहते तैयारी करना जरूरी माना जा रहा है।

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