Home Uncategorized राजस्थान में मानसून की एंट्री का काउंटडाउन शुरू, 2 जुलाई से तेज होगी बारिश; 300 से ज्यादा बांध अब भी सूखे

राजस्थान में मानसून की एंट्री का काउंटडाउन शुरू, 2 जुलाई से तेज होगी बारिश; 300 से ज्यादा बांध अब भी सूखे

0
राजस्थान में मानसून की एंट्री का काउंटडाउन शुरू, 2 जुलाई से तेज होगी बारिश; 300 से ज्यादा बांध अब भी सूखे
राजस्थान में मानसून की एंट्री करीब, 2 जुलाई से कई जिलों में तेज बारिश और आंधी की संभावना।

जयपुर: राजस्थान में प्री-मानसून की गतिविधियां कमजोर पड़ने के बाद एक बार फिर गर्मी ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई जिलों में तापमान 40 से 45 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जिससे भीषण गर्मी और उमस का असर बना हुआ है। हालांकि अब राहत की खबर यह है कि मौसम विभाग ने प्रदेश में मानसून की एंट्री का संकेत देते हुए अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियां तेज होने का अनुमान जताया है।

2 जुलाई से सक्रिय होगा मानसून

मौसम विभाग के अनुसार, 2 जुलाई से राजस्थान में बारिश का दायरा बढ़ने लगेगा। अगले 2 से 3 दिनों के भीतर दक्षिण-पूर्वी राजस्थान से मानसून की आधिकारिक एंट्री होने की संभावना है। इसके लिए मौसम की परिस्थितियां लगातार अनुकूल होती जा रही हैं।

कई संभागों में बारिश का अलर्ट

पूर्वानुमान के मुताबिक जयपुर, भरतपुर, कोटा और बीकानेर संभाग के कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं कोटा और उदयपुर संभाग के कुछ जिलों में तेज मेघगर्जन, आंधी और अच्छी बारिश की संभावना जताई गई है।

मौसम विभाग ने अगले तीन से चार दिनों तक 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी चेतावनी दी है।

प्रतापगढ़ में सबसे ज्यादा बारिश

पिछले 24 घंटों के दौरान प्रतापगढ़ जिले के अरनोद क्षेत्र में सबसे अधिक 94 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। बारिश के चलते स्थानीय स्तर पर तापमान में गिरावट देखने को मिली, जबकि कई अन्य जिलों में अब भी गर्मी का असर जारी है।

पश्चिमी राजस्थान में अभी गर्मी से राहत नहीं

जोधपुर और बीकानेर संभाग में फिलहाल उमस भरी गर्मी बनी रहने की संभावना है। इन क्षेत्रों में तापमान अभी भी सामान्य से ऊपर बना हुआ है और मानसून के पूरी तरह सक्रिय होने तक लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।

300 से अधिक बांध पूरी तरह सूखे

मानसून की धीमी शुरुआत का असर प्रदेश के जल भंडारण पर भी दिखाई दे रहा है। जल संसाधन विभाग की ताजा रिपोर्ट के अनुसार राज्य के 693 बांधों में कुल क्षमता का केवल 44.22 प्रतिशत पानी मौजूद है।

  • 307 बांध पूरी तरह सूख चुके हैं।
  • 381 बांध आंशिक रूप से भरे हुए हैं।
  • सिर्फ 5 छोटे बांध पूरी तरह लबालब हैं।

वहीं प्रदेश के 23 प्रमुख बांधों में वर्तमान में लगभग 56.09 प्रतिशत जल भंडारण दर्ज किया गया है।

3 से 5 जुलाई के बीच भारी बारिश के आसार

मौसम विभाग का अनुमान है कि 3 से 5 जुलाई के बीच पूर्वी राजस्थान के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां और तेज होंगी। इस दौरान कुछ जिलों में मध्यम से भारी बारिश होने की संभावना है।

किसानों और आम लोगों को मिलेगी राहत

मानसून के सक्रिय होने से जहां भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है, वहीं किसानों को भी खरीफ फसलों की बुवाई में मदद मिलेगी। जलाशयों में पानी बढ़ने से पेयजल संकट कम होने की भी संभावना जताई जा रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here