राजस्थान में कुछ दिन पहले तक जहां नौतपा की भीषण गर्मी लोगों को झुलसा रही थी, वहीं अब मौसम ने पूरी तरह करवट ले ली है। पश्चिमी विक्षोभ के असर से प्रदेश के कई हिस्सों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि का दौर शुरू हो गया है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि अगले 4 से 5 दिन तक प्रदेश में मौसम अस्थिर बना रहेगा और कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश लोगों की मुश्किलें बढ़ा सकती है।
गर्मी घटी, लेकिन बढ़ा मौसम का खतरा
हाल के दिनों में राजस्थान के अधिकांश जिलों में तापमान में 6 से 8 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट दर्ज की गई है। जहां कुछ दिन पहले पारा 45 डिग्री के आसपास था, वहीं अब कई शहरों में तापमान सामान्य से नीचे पहुंच गया है। जयपुर में भी लोगों को लू से राहत मिली है और मौसम काफी सुहावना हो गया है।
कई जिलों में अलर्ट
मौसम विभाग ने प्रदेश के अनेक जिलों के लिए चेतावनी जारी की है। इन इलाकों में तेज आंधी, गरज-चमक के साथ बारिश और कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि की संभावना जताई गई है। अचानक मौसम बदलने से बिजली आपूर्ति और यातायात प्रभावित होने की आशंका भी बनी हुई है।
60 से 70 किमी की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
पूर्वानुमान के अनुसार दोपहर बाद कई क्षेत्रों में तेज मेघगर्जन के साथ 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। कुछ जगहों पर भारी बारिश और वज्रपात की भी संभावना है। किसानों और खुले में काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
किसानों के लिए राहत और चिंता दोनों
बारिश से खेतों में नमी बढ़ने और खरीफ फसलों की तैयारी में मदद मिलने की उम्मीद है। हालांकि तेज आंधी और ओलावृष्टि फसलों, पेड़ों और बिजली ढांचे को नुकसान भी पहुंचा सकती है।
लोगों के लिए जरूरी सलाह
- खराब मौसम के दौरान पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहें।
- आकाशीय बिजली की स्थिति में खुले मैदान में न जाएं।
- तेज हवाओं के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें।
- किसानों को फसल और कृषि उपकरण सुरक्षित स्थान पर रखने की सलाह दी गई है।