राजस्थान में 14 अगस्त 2026 को मानसून की गतिविधियां कुछ कमजोर पड़ गई हैं। पिछले दिनों कई इलाकों में अच्छी बारिश के बाद अब जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभाग में बारिश की रफ्तार में कमी देखने को मिल रही है। हालांकि प्रदेश के कुछ हिस्सों में आज भी बादल छाने के साथ हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
जयपुर में 31-32 डिग्री के आसपास तापमान
राजधानी जयपुर में आज मौसम सामान्य रूप से बादल छाए रहने और हल्की बारिश की संभावना वाला बना हुआ है। तापमान करीब 31 से 32 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में तापमान फिलहाल 31 से 33 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। बारिश की गतिविधियां कम होने के कारण कुछ क्षेत्रों में उमस भी महसूस हो सकती है।
जोधपुर, उदयपुर और अजमेर में बारिश धीमी
मौसम की गतिविधियों में सबसे ज्यादा कमी जोधपुर, उदयपुर और अजमेर संभाग के कई हिस्सों में देखने को मिल रही है। इन क्षेत्रों में पिछले दिनों की तुलना में बारिश का दौर कमजोर हुआ है।
हालांकि स्थानीय मौसम परिस्थितियों के कारण कुछ स्थानों पर अचानक बादल बनने और गरज के साथ बारिश होने की संभावना बनी हुई है।
कुछ जिलों में हल्की बारिश के आसार
मानसून पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है। प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं।
बारिश के दौरान कुछ इलाकों में तेज हवाएं भी चल सकती हैं। ऐसे में खुले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और वाहन चालकों को मौसम बदलने पर सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।
20-21 अगस्त से फिर बढ़ सकती है मानसून की गतिविधि
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक राजस्थान में 20 से 21 अगस्त के आसपास मानसून की गतिविधियां फिर से सक्रिय होने के संकेत मिल रहे हैं। इसके बाद प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का दौर दोबारा तेज हो सकता है।
फिलहाल अगले कुछ दिनों में बारिश की गतिविधियों में उतार-चढ़ाव जारी रहने की संभावना है।
किसानों के लिए भी महत्वपूर्ण अपडेट
बारिश में कमी आने के बावजूद मानसून की वापसी की संभावना बनी हुई है। ऐसे में किसानों को स्थानीय मौसम पूर्वानुमान पर नजर रखने की जरूरत है, खासकर उन क्षेत्रों में जहां बारिश पर खरीफ फसलों की निर्भरता अधिक है।
कुल मिलाकर राजस्थान में आज मानसून कमजोर जरूर पड़ा है, लेकिन पूरी तरह निष्क्रिय नहीं हुआ है। कुछ इलाकों में बारिश जारी रह सकती है और 20-21 अगस्त के आसपास मानसून के दोबारा सक्रिय होने की संभावना पर नजर रहेगी।